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बौद्ध धर्म| Marathi stories | Hindi Stories | Gujarati Stories

बौद्ध धर्म (Other)


Bijay Mehta
gautampur@online.com बौद्ध धर्म के मुख्य दर्शन बौद्ध धर्म दर्शन पूरी तरह जीवन जीने के सिद्धांतो को ही साबित करते हैं। बौद्ध धर्म दर्शन जिन प्रमुख बिंदुओं पर आधारित है वह निम्न हैं: बौद्ध धर्म दर्शन * अनीश्वरवाद: बौद्ध धर्म ईश्वर की सत्ता को नहीं मानता है। इसके अनुसार संसार कर्मों का चक्र है। यह कार्य चक्र ना ही कहीं से शुरू हुए हैं और न ही कभी खत्म होंगे। यह कार्य किसी और ने नहीं अपितु मनुष्य ने ही शुरू किए हैं। * शून्यतावाद: शून्यता महायान बौद्ध संप्रदाय का मुख्य दर्शन माना जाता है। इसके अनुसार संसार की किसी भी वस्तु पर किसी का कोई अधिकार नहीं है। सभी पदार्थ या वस्तुएं सत्ताहीन हैं। इस दर्शन के अनुसार मनुष्य अपने कर्मों को पूरा कर उसी प्रकार मोक्ष और शांति प्राप्त करता है जैसे तेल और बाती समाप्त होने पर दीपक शांत हो जाता है। * अनात्मवाद: अनात्मवाद सिद्धांत इस बात पर प्रकाश डालता है कि "आत्मा" जैसी कोई चीज नहीं होती। जिसे हम आत्मा समझते हैं वह दरअसल "आंतरिक चेतना" है। * क्षणिकवाद: संसार में कोई भी चीज सदैव के लिए नहीं रहती। जो इंसान जन्म लेता है वह मरता अवश्य हैं, जो पेड़ फल देता है वह खत्म भी हो जाता है, कमाया हुआ पैसा खर्च भी हो जाता है। यानि जीवन में कोई भी चीज कुछ क्षण के लिए ही रहती है। READ ON NEW WEBSITE

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